कोरिया। चरित्र शंका ने एक हंसते-खेलते परिवार को पलभर में तबाह कर दिया, पति ने पत्नी को डंडे से पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया और पीछे छूट गए चार मासूम बच्चे, जिनकी आंखों के सामने उनका पूरा संसार उजड़ गया। कोरिया जिले के थाना पटना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम परसाभारी बुढार में 18 मई 2026 को हुई इस सनसनीखेज वारदात ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। मामले में प्रार्थी जगमोहन पंडो पिता स्वर्गीय भंडारी पंडो निवासी ग्राम परसाभारी बुढार ने थाना पटना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि आरोपी रंगसाय पंडो ने अपनी पत्नी सोनामती पंडो पर चरित्र शंका करते हुए डंडे से हमला कर उसकी हत्या कर दी। आरोपी रंगसाय पंडो ग्राम परसाभारी बुढार थाना पटना जिला कोरिया का रहने वाला है। सूचना मिलते ही थाना पटना पुलिस तत्काल हरकत में आई और थाना प्रभारी उपनिरीक्षक प्रमोद पाण्डेय के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया, पंचनामा कार्रवाई की, गवाहों के बयान दर्ज किए और आवश्यक साक्ष्य जुटाए। जांच के दौरान आरोपी रंगसाय पंडो द्वारा अपनी पत्नी की हत्या करना प्रमाणित पाए जाने पर पुलिस ने 19 मई 2026 को उसे विधिवत गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के मेमोरेंडम कथन के आधार पर हत्या में इस्तेमाल किया गया डंडा भी बरामद कर लिया गया। थाना पटना में आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 139/2026 धारा 103 भारतीय न्याय संहिता के तहत मामला दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की गई है। इस दिल दहला देने वाली घटना में मृतिका और आरोपी के चार छोटे बच्चे, जिनमें दो बेटियां और दो बेटे शामिल हैं, माता-पिता के संरक्षण से वंचित हो गए। बच्चों की स्थिति देखकर पुलिस और ग्रामीणों की आंखें भी नम हो गईं। बच्चों की सुरक्षा और भविष्य को ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशानुसार तत्काल चाइल्ड केयर टीम को बुलाया गया। डायल-112 वाहन चालक महेश गोयल ने संवेदनशीलता दिखाते हुए चारों बच्चों को सुरक्षित चाइल्ड केयर संस्था तक पहुंचाया, जहां उन्हें संरक्षण के लिए दाखिल कराया गया। आरोपी को बाद में न्यायालय में पेश कर माननीय जिला एवं सत्र न्यायालय बैकुण्ठपुर के समक्ष न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। थाना पटना पुलिस मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है। बहरहाल, यह घटना एक बार फिर बता गई कि शक जब रिश्तों पर हावी हो जाता है तो सबसे पहले इंसानियत मरती है और उसकी सबसे बड़ी कीमत मासूम बच्चों को चुकानी पड़ती है।
चरित्र शक में पत्नी की हत्या, 4 मासूम हुए अनाथ






